
हरिद्वार। उत्तराखण्ड पूर्व विधायक संगठन की वार्षिक आमसभा की बैठक आयोजित की गई। बैठक की अध्यक्षता संगठन के अध्यक्ष लाखीराम जोशी एवं संचालन पूर्व विधायक केदार सिंह रावत ने किया।
बैठक में संगठन के पदाधिकारियों एवं पूर्व विधायकों ने मुख्य रूप से 5 प्रस्ताव पर चर्चा की, जिनमें 1- लोक निर्माण विभाग सहित अन्य राजकीय विश्राम गृहों में पूर्व विधायकों का नाम अतिथि सूची मे पुनः सम्मिलित किया जाये। 2- नई दिल्ली स्थित उत्तराखण्ड निवास में पूर्व विधायकों का किराया ₹3750/- है, जिसे विधायकों के समान ₹1500/- किया जाए। है। इसे वर्तमान विधायकों के समान किया जाये। 3- दो वर्ष पूर्व विधानसभा द्वारा जारी विधायकों एवं पूर्व विधायकों के लिए गोल्डन कार्ड का प्रस्ताव पिछले एक वर्ष से शासन में लंबित है, जिसे शीघ्र लागू किया जाये। 4- उत्तराखण्ड आन्दोलनकारियों को दी जा रही सम्मान राशि को “पेंशन” का नाम बदलकर “सम्मान राशि” किया जाए क्योंकि इससे पूर्व विधायकों को यह सुविधा नहीं मिल पा रही है। 5- पूर्व विधायकों को उत्तराखण्ड परिवहन निगम की वॉल्वो सहित सभी सरकारी बसों में भी यात्रा की सुविधा दी जाये।
बैठक में अध्यक्ष लाखीराम जोशी ने सभी सदस्यों का स्वागत करते हुए कहा कि उत्तराखण्ड में पूर्व विधायक संगठन का गठन एक ऐतिहासिक कदम है। बैठक के अंत में सभी सदस्यों ने संगठन को मजबूत करने एवं पूर्व विधायकों के सम्मान व हितों की रक्षा हेतु एकजुट होकर कार्य करने का संकल्प लिया।




