
दरभंगा में मीडिया एवं एमसीएमसी कोषांग की समीक्षा बैठक: चुनावी प्रक्रिया में पारदर्शिता पर जोर
दरभंगा, 18 अक्टूबर 2025: आगामी बिहार विधानसभा आम निर्वाचन 2025 को लेकर जिला प्रशासन दरभंगा की ओर से शनिवार को मीडिया एवं एमसीएमसी कोषांग की समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक की अध्यक्षता जिला जनसंपर्क पदाधिकारी एवं नोडल पदाधिकारी (मीडिया एवं एमसीएमसी) श्री सत्येन्द्र प्रसाद ने की। इस अवसर पर सभी सहायक नोडल अधिकारी और संबंधित कर्मी उपस्थित रहे।
बैठक में निर्वाचन आयोग से प्राप्त दिशा-निर्देशों के अनुसार प्रिंट मीडिया, इलेक्ट्रॉनिक मीडिया और सोशल मीडिया की गतिविधियों की समीक्षा की गई। श्री प्रसाद ने कहा कि चुनाव अवधि के दौरान प्रकाशित या प्रसारित होने वाली सभी खबरें निष्पक्ष, सटीक और संतुलित होनी चाहिए। उन्होंने मीडिया को लोकतंत्र का चौथा स्तंभ बताते हुए कहा कि इसकी भूमिका पारदर्शिता और जनसरोकारों से जुड़ी चुनावी प्रक्रिया बनाए रखने में अत्यंत महत्वपूर्ण है।
साथ ही, उन्होंने मीडिया कोषांग के कर्मियों को निर्देशित किया कि जिले में चुनाव से संबंधित सभी सूचनाएँ समयबद्ध, प्रमाणिक और तथ्यों पर आधारित साझा की जाएँ। प्रशासन का उद्देश्य आचार संहिता का पूर्ण पालन सुनिश्चित करना है ताकि भ्रामक या पक्षपातपूर्ण सूचना प्रसारित न हो।
बैठक में सोशल मीडिया निगरानी कोषांग की कार्यप्रणाली की भी समीक्षा की गई। श्री प्रसाद ने कहा कि फेसबुक, व्हाट्सएप ग्रुप, इंस्टाग्राम और एक्स (ट्विटर) जैसे प्लेटफॉर्म्स की बारीकी से निगरानी की जा रही है। उन्होंने कर्मियों को सतर्क रहने, सभी रजिस्टर और संचिकाओं को नियमित अपडेट करने और पेड न्यूज, विज्ञापन व भ्रामक सामग्री पर विशेष ध्यान देने के निर्देश दिए।
संचार प्रबंधक श्री राजा सागर ने मीडिया कोषांग के कर्मियों को धर्म, जाति, समुदाय, राष्ट्रहित और पेड न्यूज़ से संबंधित सभी समाचारों और विज्ञापनों पर पैनी नजर रखने का निर्देश दिया। उन्होंने टीवी, समाचार पत्र और सोशल मीडिया की 24 घंटे सतत निगरानी सुनिश्चित करने और निर्वाचन आयोग के दिशा-निर्देशों का अक्षरशः पालन करने पर जोर दिया।
जिला आईटी मैनेजर श्री मो. खालिद अंसारी ने सोशल मीडिया मॉनिटरिंग से जुड़े तकनीकी पहलुओं की जानकारी दी और बताया कि डिजिटल उपकरणों एवं प्रक्रियाओं का सही उपयोग निगरानी कार्य को सरल और प्रभावी बना रहा है।
बैठक के माध्यम से मीडिया और सोशल मीडिया निगरानी व्यवस्था को और अधिक सुदृढ़, पारदर्शी और तकनीकी रूप से सक्षम बनाने पर जोर दिया गया, ताकि बिहार विधानसभा चुनाव 2025 पूर्ण निष्पक्षता और पारदर्शिता के साथ संपन्न हो सके।




















